Harish Bhatt

Just another weblog

323 Posts

1688 comments

Harish Bhatt

Layout Artist- Inext

Reader Blogs are not moderated, Jagran is not responsible for the views, opinions and content posted by the readers.
blogid : 2899 postid : 717443

कहीं दम न निकल जाएगा आप का

Posted On: 14 Mar, 2014 पॉलिटिकल एक्सप्रेस में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

कहते है कि जब बाप का जूता बेटे के पैर में आ जाएं तो बेटा बाप को कुछ नहीं समझता. परंतु बेटा यह नहीं जानता कि बाप बाप ही होता है, और बेटा बेटा ही. मीडिया ने जिस अरविंद केजरीवाल को रामलीला मैदान से उठाकर देश भर में पहचान दी, वहीं अरविंद आज मीडिया पर गुर्रा रहा है. दिल्ली की जनता को बेवकूफ बनाकर भागा अरविंद केजरीवाल आज मीडिया कर्मियों को जेल भेजने की बात कर रहा है. मीडिया कर्मी जेल जाएं न जाएं यह तो समय बताएगा, लेकिन इस बीच अगर कहीं मीडिया अपनी औकात पर आ गया तो यह तय समझिए आप का दम जरूर निकल जाएगा. वैसे भी मीडिया के सहयोग के बिना अरविंद केजरीवाल या आप को कौन जानता था या जानता है. अरविंद नायक बनने के चक्कर में बिल्ली और शेर की कहानी कैसे भूल गया. जिसमें शेर शिकार के सारे दांव-पेंच सीखने के बाद बिल्ली मौसी पर ही झपट पडा. लेकिन उस समय अपनी जान बचाने के लिए बिल्ली पेड़ पर चढ़ गई. तब शेर ने कहा कि मौसी यह दांव तो सिखाया ही नहीं. बिल्ली ने कहा बेटा एक दांव तो अपने लिए रखना ही होता है. फिर चेला कितना भी शक्कर हो जाएगा, पर रहेगा तो चेला ही. जैसे बाप बाप होता है और बेटा बेटा ही. भ्रष्टाचार से दुखी आदमी ने अन्ना की मुहिम को सपोर्ट क्या कर दिया, अरविंद केजरीवाल खुद को किंग समझने लगा. अन्ना हजारे की भावनाओं के दरकिनार करते भारतीय जनता पार्टी को दिल्ली की सत्ता से दूर रखने के लिए उसी कांग्रेस पार्टी से हाथ मिला लिया. जिसके खिलाफ जनता का गुस्सा अपने चरम पर था. इस मुहिम में मीडिया ने जरूरत से ज्यादा आप का साथ दिया. लेकिन समय का खेल देखिए मीडिया का पैदा किया नेता आज मीडिया को ही जेल भेजने की बात कर रहा है.

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (5 votes, average: 3.60 out of 5)
Loading ... Loading ...

1 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

brijesh prasad के द्वारा
March 20, 2014

केजरीवाल ने जो भी मीडिया के साथ किया ( आप के अनुसार ) वह तो प्राकृत का सास्वत नियम है। अनेकों उदाहरण है ,आप भस्मासुर का ही प्रकरण ले लें।


topic of the week



latest from jagran